रक्तदान महादान: अयोध्या निवासी सौरभ तिवारी की प्रेरणादायक सोच

दान से व्यक्ति का यश और वैभव बढ़ता है,” यह हमारे पौराणिक साहित्य की अमूल्य शिक्षा है। इसी विचारधारा को जीवन में उतारते हैं अयोध्या निवासी सौरभ तिवारी, जिनका मानना है कि “रक्तदान से बड़ा कोई पुण्य नहीं। अगर मेरे द्वारा दिया गया रक्त किसी की जान बचा सकता है, किसी परिवार को उसका सहारा वापस मिल सकता है, तो इससे अधिक संतोष और क्या हो सकता है?”

सौरभ तिवारी खजुरहट,  में डेयरी उद्योग का सफल संचालन कर रहे हैं। उनका उद्यम मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के अंतर्गत स्थापित हुआ है, और वे उत्तर प्रदेश की योगी सरकार की शासन प्रणाली और न्यायप्रियता के प्रशंसक हैं। सौरभ मानते हैं कि यह योजना न केवल युवाओं को आत्मनिर्भर बना रही है, बल्कि राज्य के आर्थिक विकास में भी योगदान दे रही है।

उनकी यह सामाजिक और मानवीय सोच आज के युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है। सौरभ तिवारी का जीवन दर्शाता है कि यदि इच्छाशक्ति और सकारात्मक सोच हो, तो कोई भी व्यक्ति समाज के लिए उपयोगी बन सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *